कोहली की अगुवाई में भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया में पहली बार टेस्ट सीरीज जीतने पर नजर लगाये हुए है. वह इससे पहले दो बार ऑस्ट्रेलिया का दौरा कर चुके हैं और इस बार टीम के कप्तान हैं.

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली मौजूदा वक्त में दुनिया के टॉप क्रिकेटर्स में शुमार हैं लेकिन शुक्रवार को उन्होंने अपने व्यक्तित्व को लेकर बड़ा बयान दिया है. मैदान पर आक्रामक अंदाज में रहने वाले कोहली ने कहा कि वो पहले से काफी बदल चुके हैं. विराट कोहली ने कहा कि व्यवहार के संबंध में सीमा रेखा कहां तय करनी है पहले उन्हें उसकी अच्छी समझ नहीं थी.

कोहली की अगुवाई में भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया में पहली बार टेस्ट सीरीज जीतने पर नजर लगाये हुए है. वह इससे पहले दो बार ऑस्ट्रेलिया का दौरा कर चुके हैं और इस बार टीम के कप्तान हैं. उन्होंने कहा कि जब में पहली बार ऑस्ट्रेलिया दौरे पर आया था, तब काफी बुरा था, हालांकि मैंने अब खुद में काफी बदलाव किया है.

पूर्व ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज एडम गिलक्रिस्ट के साथ फॉक्स स्पोर्ट्स पर दिए इंटरव्यू में कोहली ने कहा कि ‘मेरी इसको लेकर अच्छी समझ नहीं थी कि व्यवहार को लेकर सीमा रेखा या ऐसी कोई चीज कहां तय करनी है.’ उन्होंने कहा, ‘जो कुछ भी हुआ मैं यह नहीं कहूंगा कि उनके लिये मुझे खेद है लेकिन मैं निश्चित तौर पर उन्हें गलती के रूप में देखता हूं लेकिन मैं इन गलतियों से सीख सकता हूं.’

कोहली इस इंटरव्यू में अपने पहले ऑस्ट्रेलिया दौरे की बात कर रहे थे. उन्होंने कहा कि पिछले दो ऑस्ट्रेलिया दौरों से, खासकर अपने पहले दौरे पर मैंने काफी बुरा था और मुझे सीमा रेखा तय करने की समझ नहीं थी.

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज शुरू होने से पहले कोहली ने कहा था कि भारत या ऑस्ट्रेलिया मैदान पर बर्ताव के मामले में इस बार सीमा नहीं लांघेंगे, लेकिन यह भी कहा कि वह यह नहीं चाहते कि खिलाड़ी जज्बात के बिना मैदान पर उतरें. कोहली ने कहा,‘मुझे नहीं लगता कि अतीत में जो हुआ, वह फिर होगा, जब दोनों टीमों ने सीमा लांघी थी. यह प्रतिस्पर्धी खेल है और आखिर में यह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट है. हम यह भी नहीं चाहते कि खिलाड़ी बस आएं, गेंदबाजी करें और चले जाएं.’